गुरुवार, 2 फ़रवरी 2023

Veteran director-actor K Vishwanath passed away at the age of 92 (in Hindi & English)

 Veteran director-actor K Vishwanath passed away at the age of 92

Veteran director-actor K Vishwanath passed away


Kasinadhuni Viswanath is a veteran Indian film director, screenwriter, and actor. Born in 1930 in Andhra Pradesh, India, Viswanath has made a significant contribution to the Indian film industry, particularly in the South Indian film industry. He started his career in the film industry as a screenwriter and later went on to become a renowned film director.

Viswanath made his directorial debut in the Telugu film "Samsaram Sagaram" in 1973, which was well received by audiences and critics alike. He went on to direct several other critically acclaimed films such as "Sankarabharanam" (1979), "Swathi Muthyam" (1986), "Sagara Sangamam" (1983), and "Subhalekha" (1982). His films are known for their themes of social relevance and universal appeal.

In addition to his directorial skills, Viswanath is also an accomplished actor. He made his acting debut in the Telugu film "Sarada" in 1962 and has acted in over 500 films in various Indian languages such as Telugu, Tamil, Kannada, and Hindi. He has won several awards for his acting, including the National Film Award for Best Actor for his performance in "Sagara Sangamam".

Viswanath is also known for his philanthropic work and has been actively involved in several social causes, working towards the upliftment of underprivileged communities. He has received numerous awards and recognition for his contribution to Indian cinema, including the Padma Shri in 1983 and the Dadasaheb Phalke Award in 2015, the highest award in Indian cinema. In addition, he has received several National Film Awards, Filmfare Awards, and Nandi Awards for his acting and directing skills.

In conclusion, Kasinadhuni Viswanath is a true legend of Indian cinema and his contributions to the film industry will always be remembered. He is known for his versatility and his ability to bring depth to his characters, both as an actor and as a director. His films continue to inspire many aspiring artists in the film industry and he remains a source of inspiration for generations to come.


दिग्गज निर्देशक-अभिनेता के विश्वनाथ का 92 वर्ष आयु मे निधन हो गया

कसीनाधुनी विश्वनाथ एक अनुभवी भारतीय फिल्म निर्देशक, पटकथा लेखक और अभिनेता हैं। 1930 में आंध्र प्रदेश, भारत में जन्मे, विश्वनाथ ने भारतीय फिल्म उद्योग में विशेष रूप से दक्षिण भारतीय फिल्म उद्योग में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उन्होंने फिल्म उद्योग में एक पटकथा लेखक के रूप में अपना करियर शुरू किया और बाद में एक प्रसिद्ध फिल्म निर्देशक बन गए।

विश्वनाथ ने 1973 में तेलुगु फिल्म "संसारम सागरम" से अपने निर्देशन की शुरुआत की, जिसे दर्शकों और आलोचकों ने समान रूप से सराहा। उन्होंने कई अन्य समीक्षकों द्वारा प्रशंसित फिल्मे जैसे "शंकरभरणम" (1979), "स्वाति मुथ्यम" (1986), "सागर संगमम" (1983), और "सुभलेखा" (1982) का निर्देशन किया। उनकी फिल्में सामाजिक प्रासंगिकता और सार्वभौमिक अपील के अपने विषयों के लिए जानी जाती हैं।

अपने निर्देशन कौशल के अलावा, विश्वनाथ एक कुशल अभिनेता भी हैं। उन्होंने 1962 में तेलुगु फिल्म "सारदा" से अभिनय की शुरुआत की और विभिन्न भारतीय भाषाओं जैसे तेलुगु, तमिल, कन्नड़ और हिंदी में 500 से अधिक फिल्मों में अभिनय किया। उन्होंने अपने अभिनय के लिए कई पुरस्कार जीते हैं, जिसमें "सागर संगमम" में उनके प्रदर्शन के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेता का राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार भी शामिल है।

विश्वनाथ को उनके परोपकारी कार्यों के लिए भी जाना जाता है और वे वंचित समुदायों के उत्थान की दिशा में काम करते हुए कई सामाजिक कारणों में सक्रिय रूप से शामिल रहे हैं। उन्हें भारतीय सिनेमा में उनके योगदान के लिए कई पुरस्कार और पहचान मिली है, जिसमें 1983 में पद्म श्री और 2015 में दादा साहब फाल्के पुरस्कार शामिल हैं, जो भारतीय सिनेमा में सर्वोच्च पुरस्कार है। इसके अलावा, उन्हें अपने अभिनय और निर्देशन कौशल के लिए कई राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार, फिल्मफेयर पुरस्कार और नंदी पुरस्कार प्राप्त हुए हैं।

अंत में, कसीनाधुनी विश्वनाथ भारतीय सिनेमा के एक सच्चे दिग्गज हैं और फिल्म उद्योग में उनके योगदान को हमेशा याद किया जाएगा। उन्हें एक अभिनेता और एक निर्देशक के रूप में उनकी बहुमुखी प्रतिभा और उनके पात्रों में गहराई लाने की क्षमता के लिए जाना जाता है। उनकी फिल्में फिल्म उद्योग में कई महत्वाकांक्षी कलाकारों को प्रेरित करती रहती हैं और वह आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा स्रोत बने रहते हैं।



बुधवार, 31 अगस्त 2022

Ranveer Singh won Best Actor and Kriti Sen won Best Actress Award

Ranveer Singh won Best Actor and Kriti Sen won Best Actress Award

 रणवीर सिंह ने जीता सर्वश्रेष्ठ अभिनेता और कृति सेन ने जीता सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री का पुरस्कार

Ranveer Singh and Kriti Senon



फिल्मफेयर अवार्ड्स 2022 में बॉलीवुड सितारों का जमावड़ा देखा गया । मुंबई में आयोजित फिल्मफेयर के इस मेगा इवेंट में सिद्धार्थ मल्होत्रा ​​और कियारा आडवाणी की फिल्म 'शेरशाह' को बेस्ट फिल्म घोषित किया गया। वहीं, विष्णुवर्धन को सर्वश्रेष्ठ निर्देशक का पुरस्कार दिया गया। बेस्ट फिल्म अवार्ड के लिए विक्की कौशल की 'सरदार उधम सिंह', तापसी पन्नू की 'रश्मि रॉकेट' और रामप्रसाद की 'तेराहवी'  प्रतियोगिता में  नजर आईं।

जहां तक ​​बेस्ट एक्टर या एक्ट्रेस की बात है तो फिल्मफेयर अवॉर्ड्स 2022 में रणवीर सिंह को फिल्म 83 के लिए बेस्ट एक्टर का अवॉर्ड दिया गया। रणवीर सिंह ने फिल्म में तत्कालीन कप्तान कपिल देव की भूमिका निभाई थी जो भारतीय क्रिकेट टीम द्वारा जीते गए पहले क्रिकेट विश्व कप की पूरी कहानी बताती है। इवेंट में रणवीर सिंह  ने फिल्म निर्देशक कबीर खान को धन्यवाद दिया जो 83 के निर्देशक हैं।

वहीं फिल्म 'मिमी' के लिए कृति सेन को बेस्ट एक्ट्रेस का अवॉर्ड दिया गया. फिल्म में कृति सेन को एक सरोगेट मां के रूप में दिखाया गया है जो एक विदेशी जोड़े के बच्चे को जन्म देती है। 

Best Director: Vishnuvardhan - Film Shershaah


- जानिए फिल्मफेयर अवॉर्ड्स 2022 में मिले बेस्ट अवॉर्ड्स के बारे में

  सर्वश्रेष्ठ अभिनेता :    रणवीर सिंह -   फिल्म  83
सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री  :    कृति सेनन   -   फिल्म  मिमि 
सर्वश्रेष्ठ निर्देशक  :    विष्णुवर्धन     -   फिल्म शेरशाह

सहायक भूमिका में सर्वश्रेष्ठ अभिनेता  : पंकज त्रिपाठी       - फिल्म मिमी
सर्वश्रेष्ठ सहायक अभिनेत्री : साई ताम्हंणकर    -  फिल्म मिमी
सर्वश्रेष्ठ मूल कहानी : फिल्म  - चंडीगढ़ करे आशिकी
बेस्ट डेब्यू मेल : एहान भट्ट - 99 गाने
        बेस्ट डेब्यू फीमेल :       शरवारी वाघ        - मूवी बंटी और बबली 2
बेस्ट डेब्यू डायरेक्टर :       सीमा पाहवा        - फिल्म रामप्रसाद की तेरवी
सर्वश्रेष्ठ गीत: कौसर मुनीर      :        फॉर लहरा  दो         - फिल्म '83' के लिए
बेस्ट प्लेबैक सिंगर (मेल) :        बी प्राक- मन भरीया  - फिल्म शेरशाह
सर्वश्रेष्ठ पार्श्व गायिका (महिला) :        असिस कौर - राता लंबिया - फिल्म शेरशाह 
















रविवार, 17 जुलाई 2022

National Junior Record Broken

   

National Junior Record Broken

1500 मीटर फ्रीस्टाइल का राष्ट्रीय जूनियर रिकॉर्ड टूटा।

1500 मीटर फ्रीस्टाइल का राष्ट्रीय जूनियर रिकॉर्ड टूटा।


अभिनेता आर माधवन अपनी फिल्म 'रॉकेट्री को मिल रही सफलता के चलते काफी खुश हैं। वहीं उनकी खुशखबरी  दोगुनी हो गई है। क्योंकि उनके बेटे वेदांत माधवनने तैराकी में 48वीं जूनियर नेशनल एक्वाटिक चैंपियनशिप में राष्ट्रीय जूनियर रिकॉर्ड तोड़ने का कारनामा किया है 

1500 मीटर फ्रीस्टाइल का राष्ट्रीय जूनियर रिकॉर्ड टूटा।

  आर माधवनने हाल ही में बेटे वेदांत माधवनकी इस उपबल्धिकी खुशी ट्विटर पर वीडियो पोस्ट कर लोगों को यह जानकारी दी है। वीडियो को शेयर करते हुए माधवन ने पोस्ट को कैप्शन दिया, 'Never say Never (कभी ना मत कहो) National Junior Record for 1500m freestyle broken.' (1500 मीटर फ्रीस्टाइल का राष्ट्रीय जूनियर रिकॉर्ड टूटा। )


1500 मीटर फ्रीस्टाइल का राष्ट्रीय जूनियर रिकॉर्ड टूटा।


लगभग 16 मिनट में वेदांत माधवनने अद्वैत पेज के 780 मीटर के रिकॉर्ड को तोड़ दिया है। अप्रैल में वेदांत माधवन ने डेन्मार्क के कोपेनहेगन में डेनिश ओपन में पुरुषों की 800 मीटर फ्रीस्टाइल में स्वर्ण पदक जीता था।